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भारत स्काउट गाइड उत्तराखंड जिला -शांतिकुंज का दूसरा राहत काफिला उत्तरकाशी पहुँचा, पीड़ितों को मिलेगा त्वरित सहयोग

(भारत स्काउट गाइड उत्तराखंड जिला -शांतिकुंज का दूसरा राहत काफिला उत्तरकाशी पहुँचा, पीड़ितों को मिलेगा त्वरित सहयोग
रास्तों में दरकती चट्टानों और कठिनाइयों को पार करते हुए BSG उत्तराखंड स्काउट गाइड जिला- शांतिकुंज की राहत सामग्री उत्तरकाशी पहुँची)
संवाददाता -विश्व प्रकाश मेहरा, भारत स्काउट गाइड उत्तराखंड
। विगत दिनों उत्तरकाशी
के धराली क्षेत्र में आई भीषण
प्राकृतिक आपदा ने भारी जनधन की
हानि पहुंचाई। कई घर, होटल एवं
संपत्तियाँ पूरी तरह से नष्ट हो गई और
अनेक परिवार असमय कालकवलित
हो गए। इस विषम परिस्थिति में
विश्वविख्यात स्वयंसेवी संस्था
शांतिकुंज हरिद्वार ने पीड़ितों की
सहायता के लिए तत्परता दिखाई है।
आपदा के तुरंत बाद ही BSG उत्तराखंड, स्काउट, जिला शांतिकुंज
द्वारा राहत सामग्री भेजी गई थी। अब
स्थानीय प्रशासन के अनुरोध पर एक
बार पुनः BSG उत्तराखंड स्काउट जिला शांतिकुंज के स्वयंसेवी
कार्यकर्ताओं ने आटा, चावल, दालें,
मसाले, चीनी, बर्तन सेट, वस्त्र, गरम
कपड़े आदि आवश्यक सामग्री एकत्र कर
उत्तरकाशी पहुँचाई। यह राहत सामग्री
समाज कल्याण अधिकारी सुधीर जोशी
के सुपुर्द की गई है, जिसे हवाई मार्ग से
आपदा प्रभावित क्षेत्रों में पहुँचाया जाएगा।
BSG, उत्तराखंड स्काउट जिला शांतिकुंज टीम का नेतृत्व कर रहे DOC स्काउट मंगल
सिंह गढ़वाल ने बताया कि दो दिन पूर्व
उन्हें गायत्री परिवार के प्रमुखद्वय श्रद्धेय
डॉ. प्रणव पण्ड्या एवं स्नेहसलिला
श्रद्धेया शैलदीदी से आशीर्वाद एवं
मार्गदर्शन प्राप्त हुआ था । भारी वर्षा और
मार्ग की खराब स्थिति के चलते टीम को
उत्तरकाशी पहुँचने में दो दिन का समय
लगा। टीम ने जगह-जगह सड़क पर
आए मलबे और पत्थरों को स्वयं साफ
कर आगे बढ़ते हुए उत्तरकाशी पहुँचने की
राह बनाई। गायत्री परिवार प्रमुखद्वय द्वारा
भेजे संदेश में कहा गया है कि आपदा के
इस कठिन समय में हर संभव सहायता
प्रदान की जाएगी और पीड़ित परिवारों के
साथ गायत्री परिवार हर स्थिति में खड़ा
रहेगा । देव संस्कृति विश्वविद्यालय के
प्रतिकुलपति युवा आइकॉन डॉ. चिन्मय
पण्ड्या ने भी आश्वासन दिया है कि देव
संस्कृति विश्वविद्यालय व शांतिकुंज
समयानुसार और सहयोग करता रहेगा।
ज्ञातव्य हो कि शांतिकुंज परिवार पूर्व में
भी केदारनाथ प्राकृतिक आपदा, गुजरात
भूकंप, नेपाल भूकंप, कोरोना महामारी
जैसी अनेक राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय
आपदाओं में सेवा कार्य करता आया है।
हर बार की तरह इस बार भी शांतिकुंज
ने मानवता की सेवा की अपनी परंपरा
को निभाया है। स्थानीय प्रशासन ने
शांतिकुंज द्वारा किए गए इस सहयोग के
लिए आभार प्रकट करते हुए कहा कि
ऐसे प्रयास प्रशासनिक कार्यों को बल
देने के साथ-साथ आपदा प्रभावितों के
मनोबल को भी सशक्त बनाते हैं। राहत
सामग्री में विशेष रूप से उन्हीं वस्तुओं
को शामिल किया गया है जो तत्कालीन
आवश्यकता की पूर्ति करती हैं।
शांतिकुंज संस्था पीड़ितों की सहायता करने के लिए आगे भी इसी तरह प्रतिबद्ध और तत्पर रहेगी

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