Breaking News
booksa glr

पैंतालीस साल से किराये के भवन में चल रहा पुस्तकालय

booksa glr

नई टिहरी (संवाददाता)। नगर क्षेत्र चंबा में ऐसा पुस्तकालय है जो पिछले पैंतालीस साल से किराये के कमरों में चल रहा है। अपना भवन न होने के कारण पुस्तकालय का स्थान भी बदलता रहता है। जिस कारण पाठकों को पुस्तकालय का सही प्रकार से लाभ नही मिल पा रहा है। खास बात यह है कि इस मामले को लेकर विभाग भी लापरवाह बना हुआ है। वर्तमान में पुस्तकालय नगर के ब्लॉक रोड में किराये के दो कमरों में चल रहा है। इससे पहले यह गजा रोड में था और उससे पहले करीब आधा दर्जन अलग-अलग जगहों से पुस्तकालय संचालित होता रहा है। गौर करने वाली बात यह है कि नगर के अधिकांश लोगों को पुस्तकालय के बारे में जानकारी भी नही है। पुस्तकालय में वर्तमान में पुस्तकालयाध्यक्ष के अलावा एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी कार्यरत है। पुस्तकालय में करीब सात हजार पुस्तकें हैं जिनका उपयोग न हुआ तो वे नष्ट भी हो सकती हैं। बताते चलें कि वर्ष 1974 में शहीद श्रीदेव सुमन के नाम से नगर क्षेत्र में पुस्तकालय खोला गया, लेकिन भवन आज तक नही बन पाया है। पुस्तकालय का अपना भवन होगा तो पुस्तकों को रखने के लिए पर्याप्त जगह भी मिल पाएगी। पाठकों के लिए वाचनालय भी होगा, लेकिन किराए के चंद कमरों में ऐसा कैसे हो पाएगा। पुस्तकालय शिक्षा विभाग के अधीन है। गौर करने वाली बात यह भी है कि विभाग ने कभी पुस्तकालय का भवन बनाने की कोशिश नही की। यदि खुद के भवन में पुस्तकालय होता तो उसका लाभ अधिक लोगों को मिलता और वहां पुस्तकों की संख्या भी बढ़ती। साहित्यकार सोमवारीलाल सकलानी, राम सिंह नेगी आदि का कहना है कि नगर में पुस्तकालय है तो उसका भवन भी होना जरूरी है। खंड शिक्षाधिकारी शैलेंद्र सिंह चौहान का कहना है कि नगर में अभी तक कोई ऐसी जगह नही मिल पाई जहां पुस्तकालय के लिए भवन बनाया जाए। यदि जगह मिलेगी तो भवन भी बनाया जाएगा।

Check Also

Dehradun’s Journey Towards Cleanliness: From Waste Collection to Civic Responsibility

For a city like Dehradun, the capital of Uttarakhand and the gateway to several important …

Leave a Reply